Diva ↔ रात्रि
दिवा के समय सूर्य का प्रखर प्रकाश संपूर्ण सृष्टि को प्रकाशित करता है।
रात्रि के अंधकार में आकाश में अनगिनत तारे टिमटिमाते नजर आते हैं।
Showing entries 151–200 of 217 Hindi antonyms starting with 'D'.
Diva ↔ रात्रि
दिवा के समय सूर्य का प्रखर प्रकाश संपूर्ण सृष्टि को प्रकाशित करता है।
रात्रि के अंधकार में आकाश में अनगिनत तारे टिमटिमाते नजर आते हैं।
Tadake ↔ देर-रात
किसान तड़के ही हल-बैल लेकर अपने खेतों की ओर चल पड़ा।
परीक्षा की तैयारी में विद्यार्थी देर-रात तक जागकर पढ़ाई करते रहे।
Uttaraayan ↔ दक्षिणायन
मकर संक्रांति के पर्व पर सूर्य उत्तरायण में प्रवेश करता है।
दक्षिणायन की अवधि में रातें लंबी और दिन छोटे होने लगते हैं।
Jaldee ↔ देरी
ट्रेन पकड़ने के लिए हमें घर से जल्दी निकलना पड़ेगा।
कागजी कार्रवाई में देरी होने के कारण पासपोर्ट बनने में समय लगा।
Atisheeghra ↔ धीमे
रोगी की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे अतिशीघ्र अस्पताल पहुंचाया गया।
पहाड़ी रास्तों पर वाहन को बहुत धीमे और संभलकर चलाना चाहिए।
Tvarit ↔ धीमा
आपदा प्रबंधन दल ने त्वरित राहत अभियान चलाकर हजारों लोगों को बचाया।
प्रशासनिक प्रक्रियाओं का धीमा चलना आम जनता में असंतोष उत्पन्न करता है।
Drut ↔ मंथर
संगीतकार ने तबले पर द्रुत लय में शानदार तान छेड़ी।
नदी की मंथर गति देखकर मन में शांति का संचार होता है।
Drutagaamee ↔ मंदगामी
बुलेट ट्रेन जैसी द्रुतगामी रेलगाड़ियां महानगरों की दूरी मिनटों में तय कर देती हैं।
भारी लोड से लदी बैलगाड़ी मंदगामी चाल से कच्ची सड़क पर आगे बढ़ रही थी।
Sheeghrata ↔ धीमापन
डॉक्टरों की सूझबूझ और शीघ्रता से जहर का असर फैलने से पहले रोक लिया गया।
दफ्तर के कामकाज में धीमापन नागरिकों की परेशानी का कारण बनता है।
Jaldbaajee ↔ धैर्य
सड़क पार करते समय जल्दबाजी करने से गंभीर दुर्घटना हो सकती है।
कठिन समय में धैर्य धारण करने से ही मनुष्य सही मार्ग खोज पाता है।
Samayapaalak ↔ देर-लतीफ
समयपालक कर्मचारी सदा कार्यालय में समय से दस मिनट पहले उपस्थित होता है।
देर-लतीफ अधिकारियों के कारण कई महत्वपूर्ण बैठकें समय पर शुरू नहीं हो पातीं।
Deerghakaalik ↔ अल्पकालिक
शिक्षा और स्वास्थ्य में दीर्घकालिक निवेश राष्ट्र की नींव को सुदृढ़ करता है।
संकट से तुरंत निपटने के लिए अल्पकालिक वित्तीय उपाय किए गए।
Deerghakaaleen ↔ अल्पकालीन
पर्यावरण संकट से निपटने के लिए दीर्घकालीन नीति की तत्काल आवश्यकता है।
मौसम की मार से निपटने हेतु किसानों को अल्पकालीन ऋण दिया गया।
Vaarshik ↔ दैनिक
कंपनी अपनी वार्षिक वित्तीय रिपोर्ट प्रतिवर्ष मार्च के महीने में जारी करती है।
दैनिक समाचार पत्र सुबह-सुबह पाठकों के घर पहुंच जाता है।
Aashu ↔ दीर्घ
आशु कवि ने दिए गए विषय पर तुरंत ही सुंदर पंक्तियों की रचना कर दी।
दीर्घ कानूनी प्रक्रिया के कारण मुकदमे का फैसला आने में वर्षों लग गए।
Nisha ↔ दिवा
घनी निशा के अंधकार में जुगनू चमकते हुए सुंदर दिखाई दे रहे थे।
दिवा के समय किसान अपने खेतों में मेहनत करते हैं।
Deerghasootree ↔ क्षिप्रकारी
दीर्घसूत्री व्यक्ति साधारण से कार्य को भी महीनों तक लटकाए रखता है।
क्षिप्रकारी सेनापति ने संकट की सूचना पाते ही तुरंत पलटवार कर दिया।
Deerghasootrata ↔ त्वरा
प्रशासनिक दीर्घसूत्रता के कारण अनेक जनहितकारी फाइलें वर्षों तक दबी रहती हैं।
आपदा राहत में दिखाई गई त्वरा से सैकड़ों जानें बचाई जा सकीं।
Drutagati ↔ मंदगति
द्रुतगति से चलने वाले वाहनों के लिए नए एक्सप्रेसवे का निर्माण किया गया।
कोहरे के कारण रेलगाड़ियां मंदगति से आगे बढ़ रही थीं।
Dinamaan ↔ रात्रिमान
ग्रीष्म ऋतु में दिनमान बड़ा और रात्रिमान छोटा हो जाता है।
शीत ऋतु में रात्रिमान लंबा होने के कारण रातें ठंडी और लंबी प्रतीत होती हैं।
Deerghakaaleen-yojana ↔ तात्कालिक-उपाय
नदी जल विवाद के स्थायी हल के लिए एक दीर्घकालीन-योजना तैयार की गई।
बाढ़ के पानी को रोकने के लिए रेत की बोरियां रखना केवल एक तात्कालिक-उपाय था।
Nirbheeka ↔ डरपोक
संकट और विपत्ति के समय निर्भीक का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने डरपोक का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Bahaadura ↔ डरपोक
संकट और विपत्ति के समय बहादुर का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने डरपोक का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Dabnga ↔ दब्बू
संकट और विपत्ति के समय दबंग का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने दब्बू का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Dabngaee ↔ दब्बू्पन
संकट और विपत्ति के समय दबंगई का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने दब्बू्पन का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Dilera ↔ बुजदिल
संकट और विपत्ति के समय दिलेर का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने बुजदिल का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Dileree ↔ बुजदिली
संकट और विपत्ति के समय दिलेरी का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने बुजदिली का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Adiga ↔ डांवाडोल
संकट और विपत्ति के समय अडिग का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने डांवाडोल का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Dahashata ↔ अमन
संकट और विपत्ति के समय दहशत का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने अमन का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Dahashatagarda ↔ रक्षक
संकट और विपत्ति के समय दहशतगर्द का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने रक्षक का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Adamya ↔ दब्बू
संकट और विपत्ति के समय अदम्य का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने दब्बू का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Kaatarataa ↔ धीरता
संकट और विपत्ति के समय कातरता का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने धीरता का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Dridhchetaa ↔ भयभीत
संकट और विपत्ति के समय दृढ़चेता का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने भयभीत का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Jigaravaalaa ↔ डरपोक
संकट और विपत्ति के समय जिगरवाला का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने डरपोक का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Shooraveera ↔ डरपोक
संकट और विपत्ति के समय शूरवीर का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने डरपोक का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Vidroha ↔ दमन
संकट और विपत्ति के समय विद्रोह का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने दमन का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Kraantikaaree ↔ दब्बू
संकट और विपत्ति के समय क्रांतिकारी का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने दब्बू का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Datakara ↔ डरकर
संकट और विपत्ति के समय डटकर का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने डरकर का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Nirdvndva ↔ द्वंद्वग्रस्त
संकट और विपत्ति के समय निर्द्वंद्व का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने द्वंद्वग्रस्त का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Bebaaka ↔ दब्बू
संकट और विपत्ति के समय बेबाक का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने दब्बू का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Daraavanaa ↔ आकर्षक
संकट और विपत्ति के समय डरावना का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने आकर्षक का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Hadbadaahata ↔ धैर्य
संकट और विपत्ति के समय हड़बड़ाहट का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने धैर्य का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Atala-iraadaa ↔ डांवाडोल-मन
संकट और विपत्ति के समय अटल-इरादा का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने डांवाडोल-मन का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Nirbhaya-bhaava ↔ डर-का-भाव
संकट और विपत्ति के समय निर्भय-भाव का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने डर-का-भाव का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Dilera-javaana ↔ बुजदिल-भगोड़ा
संकट और विपत्ति के समय दिलेर-जवान का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने बुजदिल-भगोड़ा का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Supaathya ↔ दुर्पाठ्य
विद्या और बौद्धिक विकास में सुपाठ्य का गहरा महत्व स्वीकार किया गया है।
अध्ययन और चिंतन के मार्ग में दुर्पाठ्य की बाधा को दूर करना अनिवार्य होता है।
Gunagraahee ↔ दोषदर्शी
विद्या और बौद्धिक विकास में गुणग्राही का गहरा महत्व स्वीकार किया गया है।
अध्ययन और चिंतन के मार्ग में दोषदर्शी की बाधा को दूर करना अनिवार्य होता है।
Deekshaa ↔ परित्याग
विद्या और बौद्धिक विकास में दीक्षा का गहरा महत्व स्वीकार किया गया है।
अध्ययन और चिंतन के मार्ग में परित्याग की बाधा को दूर करना अनिवार्य होता है।
Deekshaanta-samaaroha ↔ प्रवेश-उत्सव
विद्या और बौद्धिक विकास में दीक्षांत-समारोह का गहरा महत्व स्वीकार किया गया है।
अध्ययन और चिंतन के मार्ग में प्रवेश-उत्सव की बाधा को दूर करना अनिवार्य होता है।
Daarshanika ↔ अदार्शनिक
विद्या और बौद्धिक विकास में दार्शनिक का गहरा महत्व स्वीकार किया गया है।
अध्ययन और चिंतन के मार्ग में अदार्शनिक की बाधा को दूर करना अनिवार्य होता है।