Yogya ↔ अयोग्य
योग्य प्रशासक कठिन कार्य भी संभाल लेता है, जबकि अयोग्य व्यक्ति आसान काम भी बिगाड़ देता है।
अयोग्य व्यक्ति को महत्वपूर्ण उत्तरदायित्व सौंपना संस्था को संकट में डाल देता है।
अक्षर 'य' से प्रारंभ होने वाले कुल 33 विपरीतार्थक शब्द युग्म नीचे दिए गए हैं:
Yogya ↔ अयोग्य
योग्य प्रशासक कठिन कार्य भी संभाल लेता है, जबकि अयोग्य व्यक्ति आसान काम भी बिगाड़ देता है।
अयोग्य व्यक्ति को महत्वपूर्ण उत्तरदायित्व सौंपना संस्था को संकट में डाल देता है।
Yathaarth ↔ काल्पनिक
काल्पनिक सपनों में जीने के बजाय यथार्थ जीवन की चुनौतियों का सामना करो।
काल्पनिक दुनिया में विचरने के बजाय कठोर यथार्थ का सामना करना ही बुद्धिमानी है।
Yash ↔ अपयश
परोपकार से यश की प्राप्ति होती है, स्वार्थ केवल अपयश देता है।
गलत संगति में पड़ने से व्यक्ति को बिना कारण भी अपयश झेलना पड़ता है।
Daata ↔ याचक
ईश्वर सबका परम दाता है, हम सब उसके सम्मुख याचक हैं।
दरवाजे पर आए याचक को खाली हाथ नहीं लौटाना चाहिए।
Mareechika ↔ यथार्थ
रेगिस्तान में जल का भ्रम मरीचिका कहलाता है, जिसके पीछे भागने के बजाय यथार्थ को स्वीकारना चाहिए।
रेगिस्तान की छलती मरीचिका के भ्रम से निकलकर यथार्थ को स्वीकारना ही विवेक है।
Bhram ↔ यथार्थ
मृगतृष्णा के समान सांसारिक सुख केवल एक सुंदर भ्रम मात्र हैं।
कल्पना के आकाश से उतरकर यथार्थ की ठोस भूमि पर कार्य करना चाहिए।
Shantipriya ↔ युद्धप्रिय
भारत की परंपरा सदैव से एक शांतिप्रिय और सहिष्णु राष्ट्र की रही है।
युद्धप्रिय साम्राज्यवादी शासक पड़ोसी राज्यों पर आक्रमण करते रहते थे।
Daan ↔ याचना
सच्चा दान वही है जो बिना किसी दिखावे और स्वार्थ के सुपात्र को दिया जाए।
स्वाभिमानी व्यक्ति कभी किसी के सामने सहायता के लिए याचना नहीं करता।
Paahuna ↔ यजमान
गाँव में दामाद का पाहुना के रूप में भव्य और भावुक स्वागत किया गया।
यजमान ने धार्मिक अनुष्ठान के बाद पुरोहितों और आगंतुकों को दक्षिणा दी।
Yuvak ↔ युवती
देश के ऊर्जावान युवक राष्ट्र निर्माण के कार्यों में बढ़-चढ़कर भाग ले रहे हैं।
प्रतिभाशाली युवती ने खेल और विज्ञान दोनों क्षेत्रों में अपनी धाक जमाई।
Sandhikarta ↔ युद्धोन्मादी
कुशल संधिकर्ता ने बातचीत के जरिए दो देशों को युद्ध के कगार से बचा लिया।
युद्धोन्मादी नेताओं के भड़काऊ बयानों ने सीमा पर तनाव और बढ़ा दिया।
Yojanaabaddh ↔ अनियोजित
योजनाबद्ध तरीके से अध्ययन करने वाले छात्र परीक्षा में घबराते नहीं हैं।
अनियोजित शहरीकरण के कारण महानगरों में जलभराव की गंभीर समस्या खड़ी हो गई।
Shramabal ↔ यंत्रबल
कृषि और निर्माण कार्यों में आज भी विशाल श्रमबल की महत्वपूर्ण आवश्यकता है।
यंत्रबल के बढ़ते उपयोग ने भारी काम को बहुत कम समय में संभव बना दिया है।
Hastashilp ↔ यांत्रिकी
भारतीय हस्तशिल्प की वस्तुएं अपनी कलात्मकता के लिए विश्व भर में सराही जाती हैं।
आधुनिक यांत्रिकी ने बड़े पैमाने पर एक जैसी वस्तुओं का तीव्र उत्पादन सुलभ किया है।
Hastanirmit ↔ यंत्रनिर्मित
कालीनों के हस्तनिर्मित नमूने अपनी अनूठी बुनावट के लिए महंगे बिकते हैं।
यंत्रनिर्मित वस्त्र सस्ते और टिकाऊ होने के कारण आम बाजार में लोकप्रिय हैं।
Yatna ↔ अयत्न
जंगल की आग बुझाने के लिए ग्रामीणों ने हर संभव यत्न किया।
सिद्ध संतों के मुख से ज्ञान की बातें अयत्न ही प्रवाहित होती हैं।
Hastakala ↔ यंत्रकला
मिट्टी के खिलौने और हाथ से बुनी साड़ियां भारतीय हस्तकला की पहचान हैं।
आधुनिक रोबोटिक्स और स्वचालित यंत्रकला ने विनिर्माण क्षेत्र में क्रांति ला दी है।
Yugaantakaaree ↔ रूढ़िबद्ध
डिजिटल क्रांति ने मानव इतिहास में युगांतकारी परिवर्तन उपस्थित किया।
रूढ़िबद्ध समाज नए परिवर्तनों को स्वीकार करने में संकोच करता है।
Nityaprati ↔ यदा-कदा
वह नित्यप्रति सुबह पांच बजे उठकर व्यायामशाला जाता है।
व्यस्तता के कारण वह यदा-कदा ही अपने पैतृक गांव जा पाता है।
Yugaant ↔ युगारंभ
महाभारत का युद्ध द्वापर युग के युगान्त का सूचक माना जाता है।
आजादी मिलने के साथ ही आधुनिक भारत के एक नए युगारंभ की नींव पड़ी।
Kshan ↔ युग
एक क्षण की असावधानी से वर्षों की मेहनत नष्ट हो सकती है।
कठिन तपस्या के बाद कई युगों तक धर्म का राज स्थापित रहा।
Yauvan ↔ वार्धक्य
यौवन के उत्साह और ऊर्जा को सही दिशा देकर इतिहास बदला जा सकता है।
वार्धक्य में बाल सफेद और हड्डियां कमजोर हो जाना प्रकृति का अकाट्य नियम है।
Jara ↔ यौवन
जरा और व्याधि से कोई भी प्राणी बच नहीं सकता, यह संसार का नियम है।
यौवन के उन्माद में कभी भी दूसरों के प्रति अनादर की भावना नहीं लानी चाहिए।
Yuva ↔ वृद्ध
देश की अर्थव्यवस्था में युवा शक्ति का योगदान सर्वोपरि है।
वृद्ध नागरिकों के अनुभवों से मार्गदर्शन पाकर युवा गलतियों से बच सकते हैं।
Yugaantar ↔ ठहराव
इंटरनेट के आविष्कार ने सूचना और संचार के क्षेत्र में युगांतर उपस्थित कर दिया।
राजनीतिक ठहराव के कारण देश के कई विकास कार्य लंबे समय तक अटके रहे।
Yugapravartak ↔ रूढ़िवादी
राजा राममोहन राय जैसे युगप्रवर्तक विचारकों ने सती प्रथा जैसी कुरीतियों को मिटाया।
रूढ़िवादी मानसिकता वाले लोग समाज में हर नए सुधार का विरोध करते हैं।
Yugayugaantar ↔ क्षणभर
भारत की ऋषि परंपरा का ज्ञान युगयुगांतर से मानवता का कल्याण करता आ रहा है।
क्षणिक क्रोध में क्षणभर के लिए मनुष्य अपने विवेक पर नियंत्रण खो बैठता है।
Yoddhaa ↔ पलायनवादी
संकट और विपत्ति के समय योद्धा का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने पलायनवादी का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Yuddharata ↔ आत्मसमर्पित
संकट और विपत्ति के समय युद्धरत का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने आत्मसमर्पित का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Rananaada ↔ युद्धविराम
संकट और विपत्ति के समय रणनाद का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने युद्धविराम का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Yuddhonmaada ↔ शांतिवार्ता
संकट और विपत्ति के समय युद्धोन्माद का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने शांतिवार्ता का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Yoddhaa-bhaava ↔ कातर-भाव
संकट और विपत्ति के समय योद्धा-भाव का परिचय देना ही वीर पुरुष का वास्तविक धर्म है।
कठिन चुनौतियों के सामने कातर-भाव का भाव मन में लाकर कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।
Yahan ↔ वहाँ
यहाँ पुस्तकालय में पूर्ण शांति और अध्ययन के लिए आदर्श वातावरण बना हुआ है।
वहाँ चौराहे पर अत्यधिक शोरगुल और वाहनों की भारी भीड़ लगी रहती है।