Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): प्रथम पद के अंत में "ए" के बाद भिन्न स्वर "अ" आने पर "ए" का "अय्" हो जाता है, जिससे न् + अय् + अन मिलकर नयन बनता है।
"करुणा से भरे हुए नयन बिना बोले ही अंतर्मन की सारी व्यथा बयां कर देते हैं।"
दो मूल सार्थक पद
Nayak (Nai + Ak)
"ऐ" के बाद भिन्न स्वर "अ" आने पर "ऐ" का "आय्" हो जाता है (न् + आय् + अक = नायक)।
Double-stroke "ai" before "a" resolves into "aay", generating n-aay-ak.
"नाटक का नायक अपने अदम्य साहस और सत्यनिष्ठा से दर्शकों के दिलों पर छा गया।"
"The protagonist (Nayak) of the drama won the hearts of the audience with undaunted courage and integrity."
"नायक" का शुद्ध एवं प्रामाणिक संधि विच्छेद "नै + अक" है।
"नायक" में मुख्य रूप से "स्वर संधि" (विशिष्ट उपभेद: अयादि स्वर संधि) है।
"ऐ" के बाद भिन्न स्वर "अ" आने पर "ऐ" का "आय्" हो जाता है (न् + आय् + अक = नायक)। (ध्वनि सूत्र: ऐ + अ = आय्)
English Translation: "The protagonist (Nayak) of the drama won the hearts of the audience with undaunted courage and integrity." | Sentence in Hindi: "नाटक का नायक अपने अदम्य साहस और सत्यनिष्ठा से दर्शकों के दिलों पर छा गया।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): प्रथम पद के अंत में "ए" के बाद भिन्न स्वर "अ" आने पर "ए" का "अय्" हो जाता है, जिससे न् + अय् + अन मिलकर नयन बनता है।
"करुणा से भरे हुए नयन बिना बोले ही अंतर्मन की सारी व्यथा बयां कर देते हैं।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): "ए" के उपरांत भिन्न स्वर "अ" आने पर "ए" का विकार "अय्" होता है (श् + अय् + अन = शयन)।
"दिनभर के मानसिक तनाव और शारीरिक थकान के उपरांत शांत शयन कक्ष में गहरी नींद आई।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): प्रथम पद के अंत में "ऐ" के बाद भिन्न स्वर "अ" आने पर "ऐ" का "आय्" हो जाता है (ग् + आय् + अक = गायक)।
"शास्त्रीय संगीत के प्रतिभाशाली गायक ने अपनी सुरीली तान से सभी श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): "ऐ" के उपरांत भिन्न स्वर "इ" आने पर "ऐ" का "आय्" होकर "इ" की मात्रा से "आयि" बनता है (न् + आयि + का = नायिका)।
"कालिदास के सुप्रसिद्ध नाटक अभिज्ञानशाकुंतलम् की नायिका शकुंतला का चरित्र अत्यंत गरिमामयी है।"