Sandhi Vichchhed (Split Form) (संधि विच्छेद)
ऋ + न

दो मूल सार्थक पद

➔
ऋ + न = ण्
✓Combined Word (Sandhiyukt Shabd) (संधियुक्त शब्द)

ऋण

Rin (Ri + Na)

📖

Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र)

हिंदी व्याकरण नियम व्याख्या (Rule Explanation in Hindi):

ह्रस्व स्वर "ऋ" के बाद दन्त्य वर्ण "न" आने पर "न" का मूर्धन्य "ण्" हो जाता है।

English Grammatical Rule & Principle:

Vowel "ri" commands the retroflexion of following dental "n" into retroflex "na".

मूल सूत्र: ऋ, र्, ष् + (व्यवधान सहित/रहित) + न् = ण्
संपूर्ण नियम व्याख्या देखें →
✍️

Sentence Usage (वाक्य प्रयोग)

प्रामाणिक हिंदी वाक्य प्रयोग:

"भारतीय परंपरा में माता-पिता और गुरु के ऋण से कभी भी उऋण नहीं हुआ जा सकता।"

English Translation:

"In Indian ethos, one can never truly discharge the debt (Rin) owed to parents and preceptors."

❓

'ऋण' से संबंधित अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

"ऋण" का सही संधि विच्छेद क्या है?▼

"ऋण" का शुद्ध एवं प्रामाणिक संधि विच्छेद "ऋ + न" है।

"ऋण" में कौन सी संधि है?▼

"ऋण" में मुख्य रूप से "व्यंजन संधि" (विशिष्ट उपभेद: 'न्' का 'ण्' में परिवर्तन नियम (णत्व विधान)) है।

"ऋण" के विच्छेद में कौन सा व्याकरण नियम और सूत्र प्रयुक्त हुआ है?▼

ह्रस्व स्वर "ऋ" के बाद दन्त्य वर्ण "न" आने पर "न" का मूर्धन्य "ण्" हो जाता है। (ध्वनि सूत्र: ऋ + न = ण्)

What is the meaning and sentence usage of "ऋण" in English?▼

English Translation: "In Indian ethos, one can never truly discharge the debt (Rin) owed to parents and preceptors." | Sentence in Hindi: "भारतीय परंपरा में माता-पिता और गुरु के ऋण से कभी भी उऋण नहीं हुआ जा सकता।"

'न्' का 'ण्' में परिवर्तन नियम (णत्व विधान) के अन्य प्रमुख शब्द

सभी उदाहरण देखें →
Sandhi Vichchhed (Split Form) (संधि विच्छेद)परि + नाम
➔
Combined Word (Sandhiyukt Shabd) (संधियुक्त शब्द)परिणाम

Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): प्रथम पद में "र्" वर्ण के प्रभाव से द्वितीय पद का दन्त्य व्यंजन "न्" मूर्धन्य वर्ण "ण्" में बदल जाता है।

"सच्ची लगन और ईमानदारी से किए गए श्रम का परिणाम सदैव सुखद और फलदायी होता है।"

Sandhi Vichchhed (Split Form) (संधि विच्छेद)प्र + मान
➔
Combined Word (Sandhiyukt Shabd) (संधियुक्त शब्द)प्रमाण

Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): उपसर्ग "प्र" में स्थित "र्" के प्रभाव से उत्तर पद का अंतिम दन्त्य व्यंजन "न्" मूर्धन्य "ण्" में बदल जाता है।

"न्यायालय में न्याय की स्थापना के लिए ठोस साक्ष्य और प्रमाण प्रस्तुत करना अनिवार्य है।"

र् + न = ण् (दीर्घ स्वर सन्धि सहित)
Sandhi Vichchhed (Split Form) (संधि विच्छेद)राम + अयन
➔
Combined Word (Sandhiyukt Shabd) (संधियुक्त शब्द)रामायण

Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): प्रथम पद में स्थित "र्" के प्रभाव से द्वितीय पद "अयन" का दन्त्य "न्" मूर्धन्य "ण्" में बदल जाता है।

"महर्षि वाल्मीकि द्वारा विरचित रामायण भारतीय संस्कृति और मर्यादा का अमर महाकाव्य है।"

Sandhi Vichchhed (Split Form) (संधि विच्छेद)भूष् + अन
➔
Combined Word (Sandhiyukt Shabd) (संधियुक्त शब्द)भूषण

Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): धातु के अंत में मूर्धन्य वर्ण "ष्" होने पर प्रत्यय का दन्त्य "न्" मूर्धन्य "ण्" में बदल जाता है।

"विद्या और शील ही मनुष्य के सबसे वास्तविक और मूल्यवान आभूषण हैं।"