Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): प्रथम पद के अंत में ह्रस्व "इ" के बाद असमान स्वर "आ" आने से "इ" का "य्" होकर पूर्व व्यंजन "त्" आधा रह जाता है।
"दुकानदार ने फल, सब्जियाँ, दालें इत्यादि आवश्यक घरेलू सामग्री समय पर पहुँचा दीं।"
दो मूल सार्थक पद
Yadyapi (Yadi + Api)
ह्रस्व "इ" के उपरांत भिन्न स्वर "अ" आने से "इ" का "य्" हो जाता है (द् + य् = द्य)।
Short "i" followed by dissimilar "a" turns into "y", fusing d and y into dya.
"यद्यपि मार्ग अत्यंत दुर्गम था, तथापि पर्वतारोहियों ने शिखर पर विजय प्राप्त कर ली।"
"Although (Yadyapi) the trail was arduous, the mountaineers nevertheless conquered the peak."
"यद्यपि" का शुद्ध एवं प्रामाणिक संधि विच्छेद "यदि + अपि" है।
"यद्यपि" में मुख्य रूप से "स्वर संधि" (विशिष्ट उपभेद: यण स्वर संधि) है।
ह्रस्व "इ" के उपरांत भिन्न स्वर "अ" आने से "इ" का "य्" हो जाता है (द् + य् = द्य)। (ध्वनि सूत्र: इ + अ = य)
English Translation: "Although (Yadyapi) the trail was arduous, the mountaineers nevertheless conquered the peak." | Sentence in Hindi: "यद्यपि मार्ग अत्यंत दुर्गम था, तथापि पर्वतारोहियों ने शिखर पर विजय प्राप्त कर ली।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): प्रथम पद के अंत में ह्रस्व "इ" के बाद असमान स्वर "आ" आने से "इ" का "य्" होकर पूर्व व्यंजन "त्" आधा रह जाता है।
"दुकानदार ने फल, सब्जियाँ, दालें इत्यादि आवश्यक घरेलू सामग्री समय पर पहुँचा दीं।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): ह्रस्व "इ" के बाद असमान स्वर "अ" आने पर "इ" का "य्" हो जाता है और पूर्व व्यंजन आधा होकर "अत्यधिक" बनता है।
"ग्रीष्मकाल में अत्यधिक परिश्रम करने से शरीर में जल की कमी हो सकती है।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): ह्रस्व "इ" के बाद भिन्न स्वर "ए" आने पर "इ" का "य्" होकर "ये" बनता है और पूर्व व्यंजन "त्" आधा रह जाता है।
"सच्चे लोकतंत्र में प्रत्येक नागरिक के मत का समान महत्व और सम्मान होता है।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): ह्रस्व "इ" के बाद भिन्न स्वर "आ" आने पर "इ" का "य्" हो जाता है और पूर्व वर्ण "र्" रेफ बनकर ऊपर चला जाता है।
"स्वच्छ पर्यावरण ही भावी पीढ़ियों के स्वस्थ और खुशहाल जीवन की सर्वोत्तम गारंटी है।"