Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): प्रथम पद के अंत में स्थित "त्" के बाद "च" आने पर "त्" भी "च्" में परिवर्तित हो जाता है।
"भाषा शिक्षण में वर्णों का शुद्ध और स्पष्ट उच्चारण अत्यंत आवश्यक माना गया है।"
दो मूल सार्थक पद
Sajjan (Sat + Jan)
प्रथम पद के अंत में "त्" के बाद "ज" आने पर "त्" भी "ज्" में बदल जाता है।
Dental stop "t" assimilates into palatal voiced stop "j" when followed by "j".
"सज्जन पुरुष विपत्ति के समय भी अपने धर्म, सत्य और मर्यादा का परित्याग नहीं करते हैं।"
"Virtuous gentlemen (Sajjan) do not abandon their duty, truth, and decorum even in adversity."
"सज्जन" का शुद्ध एवं प्रामाणिक संधि विच्छेद "सत् + जन" है।
"सज्जन" में मुख्य रूप से "व्यंजन संधि" (विशिष्ट उपभेद: 'त्/द्' सम्बन्धी विशेष नियम) है।
प्रथम पद के अंत में "त्" के बाद "ज" आने पर "त्" भी "ज्" में बदल जाता है। (ध्वनि सूत्र: त् + ज = ज्ज)
English Translation: "Virtuous gentlemen (Sajjan) do not abandon their duty, truth, and decorum even in adversity." | Sentence in Hindi: "सज्जन पुरुष विपत्ति के समय भी अपने धर्म, सत्य और मर्यादा का परित्याग नहीं करते हैं।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): प्रथम पद के अंत में स्थित "त्" के बाद "च" आने पर "त्" भी "च्" में परिवर्तित हो जाता है।
"भाषा शिक्षण में वर्णों का शुद्ध और स्पष्ट उच्चारण अत्यंत आवश्यक माना गया है।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): "त्" के बाद "ज्" आने पर "त्" भी "ज्" में बदल जाता है (ध्यान रहे इसमें दोनों "ज्" आधे होते हैं)।
"परिश्रमी और मेधावी विद्यार्थियों का भविष्य सदैव उज्ज्वल और प्रेरणादायक होता है।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): "त्" के बाद "च" आने पर "त्" का विकार होकर आधा "च्" बन जाता है।
"सच्चरित्र व्यक्ति समाज में सभी के आदर और सम्मान का पात्र होता है।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): "त्" के बाद "ल" आने पर "त्" भी आधे "ल्" में परिवर्तित हो जाता है।
"दीपावली का पावन पर्व पूरे देश में बड़े हर्ष और उल्लास के साथ मनाया जाता है।"