Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): ह्रस्व स्वर "अ" के बाद "छ" वर्ण आने पर दोनों के बीच आधे "च्" का स्वतः आगम हो जाता है।
"पिंजरे से मुक्त होते ही पक्षी स्वच्छंद होकर नीले आकाश में अपनी उड़ान भरने लगा।"
दो मूल सार्थक पद
Matrichchhaya (Matri + Chhaya)
ह्रस्व स्वर "ऋ" के बाद "छ" आने पर दोनों वर्णों के बीच आधे "च्" का आगम हो जाता है।
Vocalic "ri" followed by "chh" triggers insertion of consonant "ch".
"संतान के सम्पूर्ण व्यक्तित्व विकास में माता के स्नेह और मातृच्छाया का कोई विकल्प नहीं है।"
"In the holistic development of an offspring, there is no substitute for maternal shelter (Matrichchhaya)."
"मातृच्छाया" का शुद्ध एवं प्रामाणिक संधि विच्छेद "मातृ + छाया" है।
"मातृच्छाया" में मुख्य रूप से "व्यंजन संधि" (विशिष्ट उपभेद: 'छ्' सम्बन्धी नियम (तुक् का आगम)) है।
ह्रस्व स्वर "ऋ" के बाद "छ" आने पर दोनों वर्णों के बीच आधे "च्" का आगम हो जाता है। (ध्वनि सूत्र: ऋ + छ = ऋच्छ)
English Translation: "In the holistic development of an offspring, there is no substitute for maternal shelter (Matrichchhaya)." | Sentence in Hindi: "संतान के सम्पूर्ण व्यक्तित्व विकास में माता के स्नेह और मातृच्छाया का कोई विकल्प नहीं है।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): ह्रस्व स्वर "अ" के बाद "छ" वर्ण आने पर दोनों के बीच आधे "च्" का स्वतः आगम हो जाता है।
"पिंजरे से मुक्त होते ही पक्षी स्वच्छंद होकर नीले आकाश में अपनी उड़ान भरने लगा।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): ह्रस्व स्वर "इ" के बाद "छ" आने पर दोनों के मध्य आधे "च्" का आगम हो जाता है।
"लेखक ने अपनी नई पुस्तक के तृतीय परिच्छेद में समाज के ज्वलंत प्रश्नों की विवेचना की है।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): ह्रस्व स्वर "उ" के बाद "छ" आने पर बीच में "च्" वर्ण का आगम हो जाता है।
"भारतीय संविधान के अनुच्छेद 21 के अंतर्गत प्रत्येक नागरिक को जीवन और व्यक्तिगत स्वतंत्रता का अधिकार प्राप्त है।"
Grammar Rule & Principle (व्याकरण नियम व सूत्र): ह्रस्व स्वर "इ" के बाद "छ" आने पर नियमतः "च्" का आगम होता है।
"संधि के नियमों को भली-भांति समझने के लिए शब्दों का सटीक विच्छेद करना आवश्यक है।"